बड़ा खुलासा। दलाल ने बनाया था दून RTO का फर्जी ट्रांसफर लेटर, सौदेबाजी की बात भी आई सामने

293

देहरादून RTO के फर्जी ट्रांसफर लेटर में बड़ा खुलासा हुआ है। इस मामले में पुलिस ने एक दलाल को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक दलाल ने खुलासा किया है कि उसकी और परिवहन उपायुक्त सुधांशू गर्ग के बीच सांठगांठ हुई थी। सुधांशू गर्ग ने देहरादून के RTO की तैनाती दिलाने पर दलाल को सिटी बसों का परमिट दिलाने का वादा किया था।

गौरतलब है कि 26 जून को देहरादून RTO के पद पर सुंधाशू गर्ग की तैनाती के आदेश देहरादून के संभागीय परिवहन कार्यालय में पहुंचे। वर्तमान में देहरादून के RTO के पद पर तैनात दिनेश पठोई को इसी आदेश में सुधांशू गर्ग की जगह परिवहन निदेशालय में उपायुक्त के पद पर भेजने का निर्देश भी था।

यह भी पढ़े :   Harpic पीने से महिला की मौत, पति को पुलिस ने लिया हिरासत में

देहरादून के संभागीय परिवहन कार्यालय में ये ट्रांसफऱ लेटर पहुंचने के बाद लोगों को कुछ शक हुआ। हालांकि बताते हैं कि ये पत्र सुंधांशू गर्ग ने खुद ही कार्यालय पहुंचवाया था लिहाजा एक बारगी को कर्मचारी हिचके। जल्द ही इसकी जानकारी देहरादून के RTO दिनेश पठोई को दी गई, उन्हें बताया गया कि उनका ट्रांसफर हो गया है। इसके बाद पठोई ने सचिवालय में उच्चाधिकारियों सें संपर्क किया। इसके बाद खुलासा हुआ कि कोई ट्रांसफर लेटर तो जारी ही नहीं हुआ है। जल्द ही ये लेटर सोशल मीडिया में भी आ गया।

आनन फानन में दिनेश पठोई ने मुकदमा दर्ज कराया। बड़ा मामला होने की वजह से पुलिस हरकत में आई और सुधांशू गर्ग से पूछताछ की। इसके बाद पता चला कि सुधांशू गर्ग को ये ट्रांसफर लेटर RTO के एक दलाल कुलवीर से लिया था। कुलवीर ने बड़ी पहुंच होने के चलते सुधांशू गर्ग को झांसे में लिया और देहरादून के आरटीओ के पद पर तैनाती दिलाने का वादा किया। जब काम नहीं बना तो सुधांशू गर्ग को फर्जी ट्रांसफर लेटर पकड़ा दिया।

यह भी पढ़े :   राजभवन में तैनात अधिकारी को कोरोना संक्रमण, अस्पताल में भर्ती

फिलहाल पुलिस ने कुलवीर को देहरादून के सहस्त्रधारा इलाके से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

 




LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here